“Wonderful Motherhood” and “Step Towards Safety from Cancer” (Wellness of Women)

Nirsa ( Jharkhand ):  The Brahma Kumaris of Nirsa and the Federation of Obstetrics and Gynecological Society of India held a workshop on the topics “Wonderful Motherhood” and a “Step towards Safety from Cancer (Wellness of Women).  The program was organised at Gyan Vigyan Bhawan, at the Brahma Kumaris Centre in Nirsa.

Dr. Avantika, speaking on the topic, said, “Breast cancer of women in India is more than any other types of Cancer and deaths of women due to Cervical cancer is highest. Today 200 ladies every day, eight per hour, and one in every seven minutes, are dying due to Cervical cancer in India”.  She said that with timely checkup Cervical cancer is the only one that can be totally eradicated by simple tests and vaccination. One must be aware that Satvik (simple good) food, exercise, pranayam, positive thinking and meditation are the only way of getting cured because negative and wasteful thoughts, waste, unnecessary thinking, tension etc., have a great impact on our genes that mostly become the cause of cancer.  She further clarified that keeping the mind always at peace, happier, a tension-free life and Rajayoga meditation taught by the Brahma Kumaris is very helpful.

She talked about the project “Wonderful Motherhood” for pregnant women. She suggested that they remain happy, peaceful, joyful and loving every moment during pregnancy because all that directly influences the child in the womb who becomes healthy, free from many diseases, and grows perfectly. 

For Mother and Child (to be given birth) to be physically, mentally, and emotionally healthy, pleasant and loving, the would-be mothers must be careful in eating simple, good (satvik) food, do light exercises, pranayam and Rajayoga meditation daily, which are very essential.

Thus the Brahma Kumaris very sweetly asked the audience consisting of pregnant women with their family members and many others from in and around Nirsa town in large numbers to follow their guidance sincerely. 

BK Jyoti then conducted Rajayoga meditation practically in which she guided all to experience peace of mind.

Dr. Amruta, Gynochologist and Specialist in Ladies Diseases from Barakar, Dr. Amit Kumar, Dental Surgeon from Kumar Daobi, were special invitees for this workshop who also put forth their valuable contributions. 

The entire program was very successful by the cooperation of active youngsters Sukhtar, Vikram, Sheetal, Jyotsna, Rubi and Nibha. 

News in Hindi:
प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के ज्ञान -विज्ञान भवन , निरसा में अद्भुत मातृत्व और एक कदम कैंसर से बचाव की ओर( वैलनेस ऑफ विमेन )प्रोजेक्ट पर एक कार्यशाला का आयोजन किया गया यह दोनों प्रोजेक्ट फेडरेशन ऑफ ऑब्सटेट्रिक्स एंड गाइनेकोलॉजिकल सोसाइटी ऑफ इंडिया और ब्रह्मा कुमारी के संयुक्त तत्वावधान में प्रारंभ किया गया है डॉ अवंतिका ने बताया कि भारत में महिलाओं में होने वाले कैंसर में स्तन कैंसर सबसे ज्यादा हो रहा है और गर्भाशय के मुख का कैंसर (सर्वाइकल कैंसर)से महिलाओं की मृत्यु बहुत अधिक हो रही है आज भारतवर्ष में हर दिन 200 महिलाओं की, हर घंटे 8 महिलाओं की और हर 7 मिनट में एक महिला की सर्वाइकल कैंसर (गर्भाशय के मुख का कैंसर) से मृत्यु होती है लेकिन यदि समय रहते इसका पता चल जाए तो सर्वाइकल कैंसर यही एकमात्र कैंसर है जिसका संपूर्ण इलाज किया जा सकता है इन कैंसर की पहचान के लिए के लिए बहुत साधारण से टेस्ट और सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के लिए टीकाकरण की आवश्यकता है इससे बचाव के लिए सही समय पर सही जांच और सही इलाज लेने के बारे में पता होना चाहिए इसके साथ ही संतुलित ,सात्विक भोजन ,प्राणायाम -व्यायाम और सकारात्मक चिंतन के लिए मेडिटेशन की आवश्यकता है क्योंकि नकारात्मक विचार, व्यर्थ विचार, तनाव हमारे शरीर के जीन पर असर डालते हैं जिससे कैंसर होने की संभावना बढ़ जाती है मानसिक शांति , खुशी और तनाव -मुक्त जीवन के लिए ब्रह्मा कुमारीज द्वारा सिखाए गए राजयोग मेडिटेशन से बहुत फायदा है साथ ही उन्होंने गर्भवती माताओं के लिए अद्भुत मातृत्व प्रोजेक्ट पर चर्चा की बताया कि गर्भवती माताओं को हर हाल में खुश रहने की, शांत रहने की, प्यार से रहने की आवश्यकता है जिसका गर्भ में पल रहे बच्चे पर सीधा प्रभाव पड़ता है और बच्चा स्वस्थ, विकसित और कई प्रकार की बीमारियों से मुक्त रहता है शिशु और मां शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक रूप से स्वस्थ रहे सशक्त रहे और एक स्वस्थ, खुशनुमा बालक का जन्म हो इसके लिए सात्विक आहार, व्यायाम- प्राणायाम और राजयोग मेडिटेशन को आवश्यक बताया कुछ प्राणायाम ,सरल व्यायाम सिखाए गए

ब्रह्मा कुमारी ज्योति बहन ने राजयोग मेडिटेशन करा कर सबको शांति की अनुभूति कराईइस कार्यक्रम में गर्भवती माताएं, अन्य माताएं और उनके परिवार वाले उपस्थित रहे।  इस मौके पर डॉ अमृता ,स्त्री रोग विशेषज्ञ बराकर से और डॉक्टर अमित कुमार ,दंत रोग विशेषज्ञ ,कुमार डूबी से विशेष रूप से शामिल हुए इस कार्यक्रम को सफल बनाने में सुखतार, विक्रम भाई, शीतल ,ज्योत्सना,रूबी ,निभा बहन ने प्रमुख भूमिका निभाई